
नमस्ते दोस्तों, मेरा नाम राहुल है। मैं दिल्ली में रहता हूँ, एक छोटे से फ्लैट में। मेरी गर्लफ्रेंड प्रिया है, जो बहुत ही सेक्सी और गंदी बातें करने वाली लड़की है। उसकी उम्र २३ साल है, गोरी चमड़ी, बड़े-बड़े स्तन, गोल-गोल गांड और एकदम टाइट चूत। हम दोनों काफी समय से साथ हैं और हमारी सेक्स लाइफ बहुत वाइल्ड है। लेकिन आज जो कहानी सुनाने जा रहा हूँ वो बिल्कुल रियल है। पिछले हफ्ते हमने कुछ ऐसा किया जो मैं कभी नहीं भूल पाऊंगा। प्रिया ने मुझसे कहा कि वो मेरे दोस्तों के सामने चुदवाना चाहती है। शुरू में मुझे यकीन नहीं हुआ, लेकिन फिर सब कुछ सच हो गया।
हमारे फ्लैट में चार दोस्त आए थे – अर्जुन, विक्रम, रोहन और अनन्या। अनन्या भी लड़की थी, लेकिन वो ज्यादातर देखने वाली थी। हम सब मिलकर पार्टी कर रहे थे, शराब पी रहे थे और बातें कर रहे थे। प्रिया ने लाल रंग की टाइट टॉप और शॉर्ट स्कर्ट पहनी हुई थी। उसके स्तन टॉप से बाहर आने को बेताब थे। जैसे ही शराब का असर हुआ, प्रिया मेरे पास आकर बैठ गई और मेरे कान में फुसफुसाई, “राहुल, आज मुझे दर्शकों के सामने चोदो। मैं चाहती हूँ कि सब देखें कि तुम मेरी चूत कैसे फाड़ते हो।” मेरे लंड में तुरंत खून दौड़ गया। मैंने उसे चूमा और उसकी जीभ चूसने लगा।
दोस्त सब हैरान होकर देख रहे थे। अर्जुन ने कहा, “भाई क्या हो रहा है?” लेकिन प्रिया ने मुस्कुराते हुए कहा, “आज सब देखो। मेरी चूत प्यासी है।” मैंने प्रिया को उठाकर सोफे पर लिटा दिया। उसकी स्कर्ट ऊपर खींची और पैंटी उतार दी। उसकी चूत पूरी गीली थी, रस बह रहा था। मैंने अपनी उंगली उसकी चूत में डाली और धीरे-धीरे घुमाने लगा। प्रिया चीखने लगी, “आह्ह्ह राहुल, और जोर से उंगली मारो मेरी चूत में।” दोस्तों की आँखें फटी की फटी रह गईं। विक्रम ने अपनी जांघ पर हाथ रख लिया, उसका लंड खड़ा हो रहा था।
मैंने प्रिया की टॉप उतार दी। उसके बड़े स्तन बाहर निकल आए, निप्पल्स सख्त हो चुके थे। मैंने एक स्तन मुंह में लिया और चूसने लगा, जबकि दूसरा हाथ उसकी चूत में उंगली डाले हुए था। प्रिया मचल रही थी, “चूसो मेरे बोब्स को, सबके सामने चोदो मुझे।” फिर मैंने अपना लंड बाहर निकाला। मेरा लंड सात इंच का मोटा था, नसें फूल रही थीं। प्रिया ने उसे हाथ में लिया और मुंह में ले लिया। वो जोर-जोर से चूसने लगी, “ग्लुक ग्लुक” की आवाजें आ रही थीं। लार उसके मुंह से बह रही थी।
अब मैंने प्रिया को घुटनों के बल कर दिया, गांड ऊपर करके। मैंने पीछे से उसकी चूत में लंड घुसा दिया। “आह्ह्ह्ह फट गई मेरी चूत!” प्रिया चिल्लाई। मैं जोर-जोर से धक्के मारने लगा। “थप थप” की आवाज पूरे कमरे में गूंज रही थी। उसकी गांड के मांस लहरा रहे थे। दोस्त सब देख रहे थे। रोहन ने कहा, “यार ये तो लाइव पोर्न है।” प्रिया ने जवाब दिया, “हां देखो, राहुल मेरी चूत कैसे फाड़ रहा है। उसका लंड मेरी गर्भाशय तक जा रहा है।” मैं और तेज हो गया। उसकी चूत से रस निकलकर मेरे लंड पर बह रहा था।
फिर मैंने प्रिया को पलटा और सामने से चोदने लगा। उसके स्तन मेरे सीने से रगड़ खा रहे थे। मैं उसकी गर्दन चूम रहा था और “चोदू तुझे, तेरी चूत मेरा लंड निगल रही है” बोल रहा था। प्रिया चीख रही थी, “हां चोदो मुझे दर्शकों के सामने, सबको दिखाओ मेरी चूत कैसे चुद रही है।” अनन्या भी उत्तेजित हो गई थी, वो अपनी जांघें रगड़ रही थी। अर्जुन ने अपना लंड बाहर निकाल लिया और हिलाने लगा।
हमने पोजीशन बदली। प्रिया ने विक्रम के सामने बैठकर मेरे लंड पर बैठना शुरू किया। वो ऊपर-नीचे हो रही थी, “आह्ह्ह आह्ह्ह लंड और गहरा डालो।” मैंने उसकी गांड के छेद में उंगली डाल दी। प्रिया का शरीर कांप रहा था। “मैं झड़ने वाली हूँ!” उसने चीखा और उसकी चूत ने रस की फुहार छोड़ी। मेरा लंड और फिसलन भरा हो गया।
मैंने भी जोर मारा और अंदर ही झड़ गया। गरम-गरम वीर्य उसकी चूत में भर दिया। प्रिया चीखी, “भर दो मेरी चूत वीर्य से!” जब मैंने लंड निकाला तो वीर्य और चूत का रस बाहर बहने लगा। दोस्त सब स्तब्ध थे। लेकिन प्रिया ने कहा, “अभी खत्म नहीं हुआ।” वो अर्जुन के पास गई और उसके लंड को छू लिया। लेकिन मैंने उसे वापस खींचा, “आज सिर्फ मेरा लंड तेरी चूत में जाएगा।”
हमने दोबारा शुरू किया। इस बार प्रिया सोफे के किनारे पर लेटी, पैर फैलाए। मैं खड़े होकर चोद रहा था। हर धक्के के साथ उसके स्तन उछल रहे थे। “देखो सब, मेरी गर्लफ्रेंड की चूत कैसे चुद रही है दोस्तों के सामने।” मैं गंदी बातें बोलता रहा। प्रिया का चेहरा लाल हो गया था, पसीना बह रहा था। उसकी चूत गर्म और तंग थी, बार-बार मेरे लंड को निगल रही थी।
घंटे भर तक हम चोदते रहे। कई पोजीशन – डॉगी, मिशनरी, काउगर्ल। हर बार प्रिया चीखती, “और जोर से, सब देख रहे हैं।” आखिर में मैंने उसके मुंह में लंड डाला और वीर्य निकाल दिया। वो सब निगल गई। हम दोनों थककर गिर पड़े। दोस्तों ने तालियां बजाईं। अनन्या ने कहा, “ये सबसे हॉट चीज थी जो मैंने देखी।”
इसके बाद हम सब थोड़ी देर बातें करते रहे। प्रिया नंगी ही सोफे पर लेटी रही, अपनी चूत सहलाती हुई। मैंने उसे फिर से चूमा और कहा, “अगली बार और ज्यादा दोस्त बुलाएंगे।” प्रिया मुस्कुराई, “हां, लेकिन आज की रात अभी खत्म नहीं हुई।” हमने बेडरूम में जाकर फिर से शुरू किया, लेकिन वो कहानी अलग है।
दोस्तों, ये मेरी रियल कहानी थी। अगर आपको अच्छी लगी तो कमेंट करना। प्रिया और मैं अब और भी खुलकर सेक्स करते हैं, कभी-कभी दोस्तों को बुलाकर। लेकिन याद रखना, ये सब सहमति से होता है। अब आप भी अपनी फैंटेसी बताओ।